Kheti ki puri jankari — फसल चयन, मिट्टी जांच, खाद, सिंचाई और जैविक खेती की सरल गाइड
खेती किसान का सबसे बड़ा काम है। अच्छी खेती के लिए सही जानकारी, सही समय पर सही फैसला और सही तकनीक का होना जरूरी है।
यहां आपको खेती से जुड़ी हर जरूरी जानकारी सरल हिंदी में मिलेगी — फसल का चुनाव कैसे करें, मिट्टी की जांच क्यों जरूरी है, कौन-सी खाद कब डालें, पानी का सही प्रबंधन कैसे करें, कीट और रोग से कैसे बचें, और जैविक खेती कैसे करें।
Crop Calendar — महीने के अनुसार खेती योजना
Paddy/Dhan — बुवाई से कटाई तक पूरी गाइड
Wheat/Gehun — पूरी जानकारी
Soil Health — मिट्टी जांच और सुधार
Fertilizer — यूरिया, DAP, NPK, कम्पोस्ट
Pest Control — कीट पहचान और रोकथाम
Organic Farming — वर्मीकम्पोस्ट, प्राकृतिक खेती
Irrigation — ड्रिप, स्प्रिंकलर, नहर
जून-जुलाई में बुवाई, सितंबर-अक्टूबर में कटाई। धान, मक्का, सोयाबीन, मूंगफली, कपास।
अक्टूबर-नवंबर में बुवाई, मार्च-अप्रैल में कटाई। गेहूं, चना, मटर, सरसों, आलू।
अप्रैल-मई में बुवाई, जून-जुलाई में कटाई। तरबूज, खीरा, कद्दू, चारा फसलें।
सबसे पहले मिट्टी की जांच कराएं। इससे पता चलेगा कि आपकी मिट्टी में किस पोषक तत्व की कमी है और कौन-सी फसल सबसे अच्छी होगी।
कोई एक खाद सबसे अच्छी नहीं होती। मिट्टी जांच रिपोर्ट के अनुसार संतुलित मात्रा में उर्वरक और जैविक खाद का उपयोग करें।
जैविक खेती में गोबर खाद, कम्पोस्ट, वर्मीकम्पोस्ट जैसे प्राकृतिक खाद का उपयोग होता है। रासायनिक खेती में यूरिया, DAP जैसी रासायनिक खाद का उपयोग होता है।
यह जानकारी सामान्य मार्गदर्शन के लिए है। खेती, दवा, और उर्वरक से जुड़े अंतिम निर्णय से पहले स्थानीय कृषि विभाग या कृषि विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।